शंखनाद - सर्वे भवन्तु सुखिनः,सर्वे सन्तु निरामया।

भारत का शंखनाद: करोना वायरस से बचाव एवं सावधानियाँ

शंखनाद , थाली बजाना, घंटी बजाना, ताली बजाना ये सब बहुत लोगों को मज़ाक़ लगा होगा। सही भी है कि, कहीं ताली,थाली, शंखनाद, घंटी किसी ऐसे वायरस (विषाणु ) को भगा सकते हैं क्या? वायरस जो नग्न आँखों से दिखता भी नहीं है। ऐसा सोचना वाज़िब भी है। फिर भी जब सभी स्थानों में जन जन भयभीत हैं तो लोगों ने सोचा क्यों न प्रधानमन्त्री जी की कही बात को भी करके देख लेते हैं।दरअसल प्रधानमंत्री जी का हम सबसे ये सब जनता कर्फ्यू के दिन यानि  मार्च को उन सब वीर मेडिकल स्टाफ, नर्सिंग स्टाफ , पत्रकार, सभी आवश्यक दैनिक वस्तुओं की आपूर्ति इस भीषण महामारी के वक़्त करने वाले कार्यकर्ताओ के लिए धन्यवाद ज्ञापन तो है ही। साथ साथ हम सब में कोरोना वायरस और कोविड -१९ के लिए जागरूक होने का सन्देश भी निहित है।

हम भारतवासियों ने 22 मार्च को संध्या ५ बजे से ५ मिनट के लिए अपने अपने घरों की बालकनी , छतों इत्यादि से जो ये शंखनाद, ताली बजाने घंटी बजाने एवं थाली बजाने से आकाश को गुंजायमान किया उससे हमारे एक होकर इस महामारी से कमर कस कर लड़ने का सन्देश सम्पूर्ण विश्व में प्रेषित हुआ है। प्रधानमन्त्री जी की इस पहल से पुन: भारत ने समस्त जगत में अपनी एकता का शंखनाद कर दिया है। देश सभी आपस के मतभेद भुला कर एकजुट खड़ा है ,इस महामारी से दो दो हाथ करने हेतु।

अब बारी आती है कि इस महामारी से बचाव कैसे करें? हकीकत है कि कोई वैक्सीन नहीं उपलब्ध है पर फिर भी सभी लोग कुछ बेहद मूलभूत बातों का ध्यान रख कर इस वायरस का संक्रमण को रोक सकते हैं। कोविड -१९ संक्रमित बीमारी है जो कोरोना वायरस के द्वारा एक इंसान से दूसरे में फैल रही है और इसकी फैलने की दर काफी ज्यादा है।

  • पहला काम करें , अपने घर में रहिये। अन्य कार्य इंतज़ार कर सकते हैं बशर्ते आप स्वस्थ रहें। बिना किसी जरूरी काम के घर से न निकले। कुछ दिन घर में रहकर हम इस कोरोना वायरस की चेन को तोड़ सकते हैं।
  • दूसरी बात, भीड़ भाड़ वाली स्थानों पर न जाएँ। नमस्कार या नमस्ते करें। हाथ न मिलाएं। दूरी रख कर बात करें कम से कम ३ फीट या १ मीटर की दूरी से।
  • तीसरी ये कि बार बार अपने हाथों को साबुन से धोये या हैंड सेनिटाइज़र का प्रयोग करें। अपने मुँह, आँख को हाथों से न छुएं। बाहर जाते समय मुँह और नाक को ढक कर जाएँ। छींक आने पर टिश्यू का प्रयोग करें या अपनी कोहनी को मोड़कर छीकें।
  • चौथी और अत्यावश्यक बात है कि किसी भी कारणवश आप संक्रमित हो गयें हों तो छिपाये नहीं।बाहर जाते समय मुँह और नाक को ढक कर जाएँ या मास्क का प्रयोग करें। तत्काल मेडिकल सहायता ले। और इलाज़ करायें।

ये सभी बुनियादी  बातें आज सभी को जानना ज़रूरी है और इनका पालन करना भी। हम सब को मिलकर इस घातक कोरोना वायरस के द्वारा संक्रमण बढ़ने की दर को कम करना है और इसके लिए आवश्यक है कि वायरस की चेन यानि कि इसके क्रम को बीच में से तोड़ दिया जाये। सभी सुधि पाठकों से करबद्ध गुज़ारिश / विनती है कि अपने अपने घरों में रहकर इस लड़ाई को जीतने में मदद करें। एकजुट होकर अपने अपने घरों से ही हम इस वायरस पर विजय पा सकते हैं।

"सर्वे भवन्तु सुखिनः,सर्वे सन्तु निरामया ।
सर्वे भद्राणि पश्यन्तु मा कश्चित् दुःखभाग् भवेत् ।।"

सभी सुखी होवें, सभी रोगमुक्त रहें, सभी मंगलमय घटनाओं के साक्षी बनें, और किसी को भी दुःख का भागी न बनना पड़े ।

दोस्तों, मैंने इस ब्लॉग के माध्यम से कोरोना वायरस से बचाव और सावधानियों को बताया है जो आज विश्व की ज्वलंत समस्या है। महामारियों से भारत से निबटने का पिछले रिकॉर्ड काफी हद तक ठीक है तो सावधानी रखे और विश्वास करे कि हम होंगे कामयाब।

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